AI डिटेक्टर, हिन्दी में लिखे टेक्स्ट के लिए
यह मुफ़्त AI डिटेक्टर आपका हिन्दी निबंध, असाइनमेंट या ब्लॉग पढ़कर बताता है कि वह ChatGPT, Claude या Gemini जैसे टूल के लिखे टेक्स्ट से कितना मिलता है। हर वाक्य का अपना रंग होता है, ताकि आप देख सकें कि गड़बड़ कहाँ है।
- मुफ़्त, बिना साइन अप
- हिन्दी का अपना मॉडल
- 40 से 3,000 शब्द
- टेक्स्ट सेव नहीं होता
या इस बॉक्स में कहीं भी फ़ाइल छोड़ें
आपका नतीजा यहाँ दिखेगा
आपको AI से मिलते-जुलते होने का स्कोर, संभावित रेंज, हर वाक्य का चार्ट और वे बातें मिलेंगी जिनसे स्कोर ऊपर या नीचे गया।
WrittenCheck AI डिटेक्टर क्या है?
WrittenCheck एक मुफ़्त ऑनलाइन AI डिटेक्टर है जो हिन्दी समेत 17 भाषाओं में काम करता है। यह अनुमान लगाता है कि कोई टेक्स्ट ChatGPT जैसे AI टूल से लिखे जाने की कितनी संभावना रखता है, और कौन से वाक्य सबसे ज़्यादा AI जैसे लगते हैं। यह सबूत नहीं देता, सिर्फ़ अनुमान देता है।
- कीमत
- मुफ़्त, न अकाउंट न पेड प्लान
- एक जाँच में
- 40 से 3,000 शब्द
- सीमा
- एक मिनट में 8, एक दिन में 200 जाँच
- लिपि
- देवनागरी सबसे अच्छी, रोमन हिन्दी कम भरोसेमंद
- नतीजा
- स्कोर, रेंज, भरोसा और चिह्नित वाक्य
- आपका टेक्स्ट
- मेमोरी में जाँचा जाता है, सेव नहीं होता
हिन्दी टेक्स्ट में AI कैसे जाँचें
तीन कदम। ज़्यादातर जाँच एक सेकंड से कम में हो जाती है।
टेक्स्ट पेस्ट करें
कम से कम 40 शब्द चाहिए, और भरोसेमंद नतीजे के लिए कुछ सौ। पूरा निबंध या प्रोजेक्ट रिपोर्ट का एक पूरा हिस्सा एक पैराग्राफ़ से बेहतर रहता है, क्योंकि डिटेक्टर को तुलना के लिए ज़्यादा सामग्री मिलती है।
भाषा पर नज़र डालें
डिटेक्टर आम तौर पर हिन्दी खुद पहचान लेता है। अगर टेक्स्ट में अंग्रेज़ी वाक्य बहुत हैं, तो मेन्यू से हिन्दी खुद चुन लें।
रंगीन वाक्य पढ़ें
लाल वाक्य सबसे ज़्यादा AI जैसे हैं, नारंगी में कुछ संकेत हैं। चार्ट के किसी कॉलम पर क्लिक करें तो सीधे उसी वाक्य पर पहुँच जाएँगे।
हिन्दी टेक्स्ट जाँचने से पहले ये बातें जान लें
भारत में हिन्दी कई ढंग से लिखी जाती है। हर ढंग पर डिटेक्टर एक जैसा नहीं चलता, इसलिए नतीजा पढ़ने से पहले इन बातों का ध्यान रखें।
हिंग्लिश और रोमन हिन्दी
WhatsApp या Instagram पर बहुत लोग "aap kaise ho" जैसी रोमन हिन्दी लिखते हैं, या हिन्दी और अंग्रेज़ी को एक ही वाक्य में मिला देते हैं। हमारे मॉडल इस तरह के टेक्स्ट के लिए नहीं बने, इसलिए इन पर नतीजा कम भरोसेमंद है। हो सके तो देवनागरी में लिखा टेक्स्ट जाँचें।
पुरानी साहित्यिक हिन्दी
पहले वाला मॉडल पुराने साहित्यिक गद्य को अक्सर गलती से AI जैसा बता देता था। 9 अक्टूबर 2026 के हमारे अपने टेस्ट में नए मॉडल ने 16 गैर-अंग्रेज़ी भाषाओं के इंसानी साहित्य के सिर्फ़ 0.16% अंश गलत चिह्नित किए, जबकि पहले यह दर 3.6% थी। फिर भी कोई डिटेक्टर पूरी तरह सही नहीं होता, इसलिए पुरानी कहानियों, उपन्यासों या साहित्यिक भाषा वाले गद्य का स्कोर सावधानी से पढ़ें। आज की आम हिन्दी, जैसे निबंध, खबर या असाइनमेंट, पर नतीजे पर ज़्यादा भरोसा किया जा सकता है।
शुद्ध और सरकारी हिन्दी
दफ़्तरों की चिट्ठियों और औपचारिक रिपोर्टों की हिन्दी में "उपर्युक्त", "के संदर्भ में" जैसे तय वाक्यांश बार-बार आते हैं। बहुत औपचारिक इंसानी लेखन का स्कोर कभी-कभी ज़रूरत से ज़्यादा आ सकता है, इसलिए ऐसे टेक्स्ट में सिर्फ़ नंबर देखकर फ़ैसला न करें।
शब्द कैसे गिने जाते हैं
दो खाली जगहों के बीच जो कुछ है, वह एक शब्द है। "अपने-अपने" जैसा जुड़ा हुआ शब्द एक गिना जाता है, जबकि "कर के" दो। 40 शब्दों की सीमा के करीब हों तो एक-दो वाक्य और जोड़ दें।
लोग क्या जाँचते हैं
कॉलेज के असाइनमेंट, स्कूल और प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी वाले निबंध, प्रोजेक्ट रिपोर्ट, हिन्दी ब्लॉग और वेबसाइट के लेख, और नौकरी के आवेदन पत्र। लंबी रिपोर्ट को हिस्सों में जाँचें, क्योंकि एक बार में 3,000 शब्दों की सीमा है।
AI स्कोर का मतलब क्या है?
स्कोर 0 से 100 तक जाता है। जितना ज़्यादा, टेक्स्ट उतना AI जैसा। ये वही तीन दायरे हैं जिन्हें डिटेक्टर खुद इस्तेमाल करता है।
शब्दों का चुनाव वैसे बदलता है जैसे आम तौर पर लोगों के लेखन में होता है।
कुछ हिस्से AI जैसे हैं, कुछ नहीं। ऐसा अक्सर तब होता है जब AI का ड्राफ़्ट किसी ने बदला हो, या लेखन बहुत औपचारिक हो।
ज़्यादातर टेक्स्ट उन पैटर्न से मिलता है जो हम AI लेखन में देखते हैं।
स्कोर के साथ एक संभावित रेंज भी मिलती है, जैसे 86 से 100। कोई भी डिटेक्टर पूरी तरह सटीक नहीं होता, इसलिए रेंज बताती है कि असली मान शायद कहाँ है। भरोसा (ऊँचा, मध्यम या कम) बताता है कि जाँच कितनी पक्की है। कम भरोसे का मतलब अक्सर यह होता है कि टेक्स्ट छोटा है या उसके संकेत आपस में मेल नहीं खाते।
हिन्दी में यह AI डिटेक्टर कितना सही है?
टेक्स्ट को एक डीप लैंग्वेज मॉडल स्कोर करता है, जिसे इंसानी और AI लेखन पर ट्रेन किया गया है और जो हमारे अपने सर्वर पर चलता है। अगर वह सर्वर व्यस्त या बंद हो, तो बिल्ट-इन मॉडल जवाब देता है, ताकि हर जाँच का नतीजा मिले। 14 अक्टूबर 2026 को हमने इसे ऐसे टेक्स्ट पर परखा जो उसने ट्रेनिंग में नहीं देखा था। नतीजे नीचे हैं, साथ में उसकी कमज़ोरियाँ भी।
टेस्ट के आँकड़े
14 अक्टूबर 2026 के हमारे अपने टेस्ट में हिन्दी के 99.3% AI टेक्स्ट पकड़े गए (स्कोर 45 या ज़्यादा), जबकि पिछले मॉडल ने इन्हीं टेक्स्ट में 94.6% पकड़े थे। 407 इंसानी हिन्दी टेक्स्ट में से किसी को भी गलती से चिह्नित नहीं किया गया। किसी दूसरे AI टूल से दोबारा लिखे गए 35 हिन्दी AI टेक्स्ट में से 28 पकड़े गए (स्कोर 70 या ज़्यादा), पिछले मॉडल ने 12 पकड़े थे। फिर भी हर 100 में से लगभग 1 AI टेक्स्ट छूट सकता है। सभी 16 गैर-अंग्रेज़ी भाषाओं के 15,089 टेक्स्ट को मिलाकर, जो ट्रेनिंग में नहीं देखे गए थे, 96.8% AI टेक्स्ट पकड़े गए (पिछले मॉडल ने इन्हीं टेक्स्ट पर 95.6%) और 0.17% इंसानी टेक्स्ट गलत चिह्नित हुए, जो पिछले मॉडल के 0.14% से थोड़ा ज़्यादा है। ब्योरा यह कैसे काम करता है वाले पेज पर है (अंग्रेज़ी में)।
कहाँ गलती ज़्यादा होती है
40 से 150 शब्दों का छोटा टेक्स्ट, ऐसा AI ड्राफ़्ट जिसे किसी ने दोबारा लिखा हो, और अनोखे अंदाज़ में लिखा AI टेक्स्ट। बहुत औपचारिक इंसानी लेखन और दूसरी भाषा में लिखने वालों का स्कोर भी ज़्यादा आ सकता है।
हिन्दी की खास सावधानी
नए मॉडल में साहित्यिक गद्य पर गलतियाँ बहुत कम हुई हैं, फिर भी पुरानी साहित्यिक हिन्दी के स्कोर को सावधानी से पढ़ें। हिंग्लिश या रोमन हिन्दी पर भी नतीजा कम भरोसेमंद है। हर हाल में स्कोर एक इशारा है, सबूत नहीं। सिर्फ़ इसके आधार पर किसी पर आरोप न लगाएँ।
निबंध, असाइनमेंट और ब्लॉग के लिए AI डिटेक्टर
कॉलेज के छात्र
असाइनमेंट या प्रोजेक्ट रिपोर्ट जमा करने से पहले देख लें कि वह किसी डिटेक्टर को कैसी लग सकती है, और कौन से वाक्य अपने शब्दों में लिखने चाहिए।
शिक्षक
किसी छात्र से बात करने से पहले निबंध पर दूसरी नज़र। इसे बातचीत शुरू करने के लिए इस्तेमाल करें, फ़ैसला सुनाने के लिए नहीं।
ब्लॉगर और एडिटर
अगर आप किसी से हिन्दी लेख लिखवाते हैं, तो छापने से पहले देख लें कि कौन से हिस्से मशीन जैसे लगते हैं।
परीक्षा की तैयारी करने वाले
निबंध लिखने का अभ्यास करते हैं? इंटरनेट से मिले नमूना निबंध जाँचकर देखें कि कौन से AI जैसे लगते हैं, और अपने निबंध में अपनी आवाज़ रखें।
आपके फ़ोन पर WrittenCheck
Android के लिए बने ऐप में टेक्स्ट की AI जाँच करें। छपा हुआ पेज स्कैन करें, फ़ाइल खोलें या किसी दूसरे ऐप से टेक्स्ट शेयर करें, फिर हर वाक्य पर निशान देखें।
- कैमरे से छपा हुआ पेज स्कैन करें
- TXT, DOCX और PDF फ़ाइलें खोलें
- किसी भी ऐप से टेक्स्ट शेयर करें
- आपकी हिस्ट्री आपके फ़ोन पर ही रहती है
AI डिटेक्टर से जुड़े सवाल
क्या यह AI डिटेक्टर सच में मुफ़्त है?
हाँ। कोई पेड प्लान नहीं है और साइन अप की भी ज़रूरत नहीं। आप रोज़ 200 जाँच कर सकते हैं, हर एक में 3,000 शब्दों तक।
क्या यह हिन्दी में लिखा AI टेक्स्ट पकड़ सकता है?
हाँ। हिन्दी टेक्स्ट को एक डीप लैंग्वेज मॉडल स्कोर करता है। 14 अक्टूबर 2026 के हमारे अपने टेस्ट में इसने हिन्दी के 99.3% AI टेक्स्ट पकड़े और 407 में से किसी भी इंसानी हिन्दी टेक्स्ट को गलत चिह्नित नहीं किया। ये टेस्ट सेट के नतीजे हैं, आपका टेक्स्ट इससे कठिन या आसान हो सकता है।
कैसे पता करें कि हिन्दी निबंध AI से लिखा है?
निबंध के कम से कम 40 शब्द ऊपर वाले बॉक्स में पेस्ट करें और "टेक्स्ट जाँचें" दबाएँ। आपको 0 से 100 का स्कोर, संभावित रेंज, भरोसे का स्तर और हर वाक्य का रंग दिखेगा। फिर लाल वाक्यों को ध्यान से पढ़ें।
क्या हिंग्लिश या रोमन हिन्दी जाँची जा सकती है?
जाँच तो हो जाएगी, पर नतीजा कम भरोसेमंद होगा। हमारे मॉडल अंग्रेज़ी अक्षरों में लिखी हिन्दी या हिन्दी-अंग्रेज़ी के मिले-जुले टेक्स्ट के लिए नहीं बने। देवनागरी वाला टेक्स्ट बेहतर रहता है।
पुरानी कहानी या साहित्यिक हिन्दी का स्कोर ऊँचा क्यों आया?
पुरानी साहित्यिक हिन्दी कभी-कभी गलती से AI जैसी बताई जा सकती है। 9 अक्टूबर 2026 के हमारे अपने टेस्ट में नए मॉडल ने सभी 16 गैर-अंग्रेज़ी भाषाओं के इंसानी साहित्य के सिर्फ़ 0.16% अंश गलत चिह्नित किए (पहले 3.6%)। फिर भी ऐसे गद्य का स्कोर सावधानी से पढ़ें। आज की आम हिन्दी पर नतीजे पर ज़्यादा भरोसा किया जा सकता है।
क्या यह ChatGPT, Claude और Gemini का लिखा पकड़ता है?
यह उन पैटर्न को देखता है जो ChatGPT, Claude और Gemini जैसे टूल के टेक्स्ट में आम हैं। यह नहीं बताता कि किस टूल ने लिखा, बस यह बताता है कि लेखन कितना AI जैसा लगता है।
क्या यह Turnitin जैसा ही है?
नहीं। WrittenCheck का Turnitin से कोई संबंध नहीं है और यह Turnitin का स्कोर नहीं दिखा सकता। यह एक अलग मुफ़्त जाँच है जो आप खुद कर सकते हैं।
क्या AI डिटेक्टर गलत हो सकता है?
हाँ, हर डिटेक्टर गलती कर सकता है। बहुत औपचारिक इंसानी लेखन चिह्नित हो सकता है, और दोबारा लिखा गया AI टेक्स्ट छूट सकता है। स्कोर को इशारा मानें, सबूत नहीं।
क्या शिक्षक इस स्कोर पर छात्र को दोषी ठहरा सकते हैं?
नहीं, ऐसा नहीं करना चाहिए। डिटेक्टर किसी ईमानदार छात्र के बारे में भी गलत हो सकता है। चिह्नित वाक्यों से बातचीत शुरू करें, और छात्र के ड्राफ़्ट, नोट्स और पुराना काम भी देखें।
क्या आप मेरा टेक्स्ट सेव करते हैं?
नहीं। टेक्स्ट मेमोरी में जाँचा जाता है और जाँच खत्म होते ही हटा दिया जाता है। हम उसे सेव, लॉग या ट्रेनिंग के लिए इस्तेमाल नहीं करते, और न ही ChatGPT या किसी दूसरी AI सेवा को भेजते हैं। हमारा अपना मॉडल हमारे सर्वर पर चलता है।
क्या यह कॉपी या प्लेजियरिज़्म भी जाँचता है?
नहीं। यह आपके टेक्स्ट को वेबसाइटों या दूसरे लेखों से नहीं मिलाता। यह सिर्फ़ देखता है कि लेखन कैसा लगता है।
इंसानी नमूना: प्रेमचंद, «ईदगाह» (1933), पब्लिक डोमेन (विकिस्रोत)। AI नमूना: इस पेज के लिए Claude ने लिखा, जो एक AI मॉडल है।
3 अक्टूबर 2026 को, 2 अक्टूबर की दोबारा ट्रेनिंग के बाद, लाइव टूल पर जाँच: इंसानी नमूना 0% (रेंज 0–8, ऊँचा भरोसा, शायद इंसान ने लिखा है); AI नमूना 100% (रेंज 92–100, ऊँचा भरोसा, शायद AI ने लिखा है)। प्रेमचंद की दूसरी रचनाएँ ट्रेनिंग डेटा में हैं, यह अंश नहीं। इसी कहानी की शुरुआत को 77% मिला, इसलिए एक नमूने का नतीजा सिर्फ़ एक उदाहरण है, उससे सटीकता नहीं नापी जा सकती।
आखिरी बार अपडेट: 14 अक्टूबर 2026।
अपना टेक्स्ट अभी जाँचें
मुफ़्त, बिना साइन अप, और आपका टेक्स्ट सेव नहीं होता।